26 May 2019

एकाधिकारी पूंजी की चाहत मोदी तो ताज भी मोदी के सर


                  देश में हुए लोक सभा चुनाव के परिणाम आ चुके हैं। इन चुनाव में भाजपा को बहुमत मिला और वह एक बार फिर सरकार बनाने जा रही है। यह चुनाव पूरी तरह मोदी के नाम पर लड़ा गया। चुनाव की जीत को मोदी-शाह की जीत के रूप में कहा जा रहा है। मोदी के ‘‘करिश्मे’’ और अमित शाह के कुशल चुनावी मैनेजमैन्ट के बगैर चुनाव के यह परिणाम नहीं आते। जो कि किसी हद तक सही भी है। किन्तु यह चुनाव और कई सारी वजहों से भी जीता गया। इन वहजों में सबसे प्रमुख है भारत के एकाधिकारी पूंजीपति वर्ग यानी अम्बानी-टाटा-बिड़ला का अपने खजाने का मुंह मोदी-भाजपा के लिये खोलना, उसके पैसे से चलने वाले मीडिया के द्वारा पूरा माहौल बनाना और इसके साथ हिन्दू फासीवादी संगठन राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के देश भर में फैले संगठनों, कार्यकर्ताओं व सर्मथकों का मकड़जाल। वित्तीय पूंजी औऱ हिन्दू फासीवाद के गठजोड़ ने फिर से मोदी सरकार बनवा दी।

सूरत अग्निकांड

यह कोई हादसा नहीं हत्याएं हैं !! सत्ता धारियों को जवाब देना होगा !!



              परिवर्तनकामी छात्र संगठन 24 मई को सूरत में अग्निकांड में मारे गए छात्र-छात्राओं को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करता है। दुख की इस घड़ी में परिवर्तनकामी छात्र संगठन शोकाकुल परिवार जनों के साथ है।